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जयपुर। राॅबर्ट वाड्रा द्वारा दिये गये बयान कि वे आरोपों से मुक्त होकर राजनीति में आयेंगे, इसको लेकर पत्रकारों द्वारा पूछे गये सवाल के जवाब में भाजपा प्रदेशाध्यक्ष डाॅ. सतीश पूनियां ने कहा कि राॅबर्ट वाड्रा ने इतने पाप कर दिये उसमें बरी होने की सम्भावना कम है।

डाॅ. पूनियां ने कहा कि राॅबर्ट वाड्रा के राजस्थान के सीमा क्षेत्रों की जमीनों के पाप तो अभी धुले नहीं है, जितने संगीन आरोप उनके ऊपर हैं। अशोक गहलोत की सरकार के दौरान ही भोले-भाले किसानों की बेशकीमती जमीनों को जिस तरीके से राॅबर्ट वाड्रा ने खुर्द-बुर्द किया, उससे अभी पाक साफ नहीं हुए।

डाॅ. पूनियां ने कहा कि वाड्रा का और उनके रिश्तेदारों का जो इतिहास है, इससे मुझे नहीं लगता कि इस जन्म में भारत की धरती पर कभी पाक साफ हो पायेंगे। भारत के लोगों की यही आशंका है कि नेहरू, गाँधी खानदान की परम्परा होते-होते अभी तक तो लोग मजाक में कहते थे और यदि अपने श्रीमुख से राॅबर्ट वाड्रा ने राजनीति में आने को लेकर कहा है तो ये देश के लिए गम्भीर मसला है। यदि राॅबर्ट वाड्रा जैसे लोग राजनीति में आ जायेंगे तो सोचना पड़ेगा कि प्रदेश की सीमा के किसानों की जमीनों का क्या होगा?

राॅबर्ट वाड्रा राजनीति में आयेंगे तो सोचना पड़ेगा कि प्रदेश की सीमा के किसानों की जमीनों का क्या होगा: डाॅ. सतीश पूनियां

जयपुर। राॅबर्ट वाड्रा द्वारा दिये गये बयान कि वे आरोपों से मुक्त होकर राजनीति में आयेंगे, इसको लेकर पत्रकारों द्वारा पूछे गये सवाल के जवाब में भाजपा प्रदेशाध्यक्ष डाॅ. सतीश पूनियां ने कहा कि राॅबर्ट वाड्रा ने इतने पाप कर दिये उसमें बरी होने की सम्भावना कम है।

डाॅ. पूनियां ने कहा कि राॅबर्ट वाड्रा के राजस्थान के सीमा क्षेत्रों की जमीनों के पाप तो अभी धुले नहीं है, जितने संगीन आरोप उनके ऊपर हैं। अशोक गहलोत की सरकार के दौरान ही भोले-भाले किसानों की बेशकीमती जमीनों को जिस तरीके से राॅबर्ट वाड्रा ने खुर्द-बुर्द किया, उससे अभी पाक साफ नहीं हुए।

डाॅ. पूनियां ने कहा कि वाड्रा का और उनके रिश्तेदारों का जो इतिहास है, इससे मुझे नहीं लगता कि इस जन्म में भारत की धरती पर कभी पाक साफ हो पायेंगे। भारत के लोगों की यही आशंका है कि नेहरू, गाँधी खानदान की परम्परा होते-होते अभी तक तो लोग मजाक में कहते थे और यदि अपने श्रीमुख से राॅबर्ट वाड्रा ने राजनीति में आने को लेकर कहा है तो ये देश के लिए गम्भीर मसला है। यदि राॅबर्ट वाड्रा जैसे लोग राजनीति में आ जायेंगे तो सोचना पड़ेगा कि प्रदेश की सीमा के किसानों की जमीनों का क्या होगा?

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